पावर कॅार्पोरेशन में अरबों के घोटाले की उच्चस्तरीय जांच होः अखिलेश यादव

0
116

नई दिल्ली। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा है बिजली कर्मचारियों के 16 अरब रुपये जिस डिफॉल्टर कंपनी डीएचएफसीएल में लगा दिए गए हैं, उस कंपनी के आतंकवादी इकबाल मिर्ची और दाऊद से संबंध बताए जा रहे हैं। उन्होंने अरबों रुपये के इस घोटाले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है। अखिलेश ने शनिवार को जारी बयान में कहा, कि प्रदेश में भाजपा सरकार भ्रम और भय के सहारे राजनीति कर रही है। जनता की मूलभूत आवश्यकताओं की अनदेखी इसकी विशेषता रही है। सपा सरकार ने काम किया जबकि भाजपा सरकार उस पर अपना नाम करने की नाकाम कोशिश करती है।

ढाई साल बीत गए प्रदेश सरकार ने एक यूनिट बिजली भी उत्पादित नहीं की है। भाजपा सरकार में अरबों रुपये का बड़ा घोटाला सामने आया है। बिजली कर्मचारियों के 16 अरब रुपये डिफॉल्टर कंपनी डीएचएफ.सीएल में लगा दिए। इस कंपनी के आतंकवादी इकबाल मिर्ची और दाऊद से संबंध बताए जाते हैं। उन्होंने सवाल किया है कि बिजली कर्मचारियों की गाढ़ी कमाई के पैसे कौन लौटाएगा?

खराब गुणवत्ता वाले मीटर लगा रहे

सपा अध्यक्ष ने कहा कि सपा सरकार के समय घरों में बिजली के मीटर लगाने की शुरुआत हो गई थी। अब उसी पर राजनीति कर जनता को बहकाने की योजना पर भाजपा सरकार काम कर रही है। जनता को ठगने के लिए खराब गुणवत्ता वाले मीटर लगा रही है। उपभोक्ता परेशान हैं और गलत बिलिंग के शिकार हो रहे हैं।

सपा सरकार के कार्यकाल में ही ऊर्जा नीति बनाई गई

सपा सरकार में ही गांवों में 18 घंटे और महानगरों तथा सभी तीर्थ स्थलों में 24 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की गई थी। प्रदेश में ट्रांसफॉर्मर बदलने की समय सीमा तय कर दी गई थी। किसानों के नलकूपों के ऊर्जाकरण को प्राथमिकता दी गई थी। सपा सरकार के कार्यकाल में ही ऊर्जा नीति बनाई गई थी। ग्रिड संयोजित सौर पावर परियोजनाएं स्थापित की गईं। लोहिया समग्र गांवों में सोलर स्ट्रीट लाइट और लोहिया ग्रामीण आवासों में सोलर पावर पैकेज दिया गया। अंडर ग्राउंड केबल बिछाने का काम भी तभी शुरू हुआ।

लाइन हानि व बिजली चोरी रोकने में नाकाम रही सरकार

अखिलेश ने कहा, लाइन हानि और बिजली चोरी रोकने में भाजपा सरकार की नाकामी जगजाहिर है। इस सरकार ने उपभोक्ताओं पर भारी आर्थिक भार लादने में कोई संकोच नहीं किया। पिछले दिनों ही बिजली दरों में भारी वृद्धि की जिससे घरेलू अर्थव्यवस्था पूरी तरह बिगड़ गई है।